15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से देशवासियों को बड़े जीएसटी सुधार की घोषणा का संकेत दिया। मोदी ने कहा कि इस दिवाली यानी 2025 में देश को एक बड़ा तोहफा मिलेगा, जो व्यावसायिक और आर्थिक क्षेत्र में नई ऊर्जा भरने वाला होगा। यह घोषणा व्यापार जगत और आम जनता दोनों के लिए आशा की किरण के रूप में देखी जा रही है।
जीएसटी में प्रस्तावित सुधारों का व्यापार पर प्रभाव
विशेषज्ञों का मानना है कि आगामी जीएसटी सुधार से कर प्रणाली को और अधिक सरल बनाया जाएगा। इसमें टैक्स स्लैबों की संख्या कम करने, रिटर्न फाइलिंग प्रक्रिया को सहज बनाने और छोटे व्यापारियों के लिए राहत प्रदान करने की संभावनाएं शामिल हैं। इससे व्यापार में पारदर्शिता बढ़ेगी और कर चोरी में कमी आएगी, जिससे देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
मोदी का घोषणापत्र: दिवाली 2025 तक बड़ा तोहफा
पीएम मोदी ने अपनी बात में यह भी स्पष्ट किया कि यह बड़ा तोहफा सामान्य जनता के जीवन को बेहतर बनाने के साथ ही कारोबार को गति देगा। उन्होंने कहा कि सरकार व्यापारियों और उद्योगपतियों के साथ संवाद जारी रखेगी ताकि सुधारों का फायदेमंद असर हर वर्ग तक पहुंचे। दिवाली 2025 तक शुरु होने वाले सुधार से देश में रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।http://Indore youth making drugs- YouTube से ड्रग्स बना रहे है युवा, इंदौर के डॉक्टर ने किया खुलासा?
कॉरपोरेट एवं व्यापारी वर्ग की उम्मीदें
कारोबारी और कॉरपोरेट सेक्टर ने पीएम मोदी के इस बयान का स्वागत किया है। उद्योग जगत की प्रमुख संस्थाएं मानती हैं कि जीएसटी में होने वाले सुधार छोटे और मध्यम उद्योगों के लिए विशेष लाभकारी होंगे। इससे देश में निवेश वातावरण सुधरेगा और बाजार में स्थिरता आएगी। व्यापारियों का कहना है कि यह कदम व्यापार को बढ़ावा देने के लिए एक नई ओरियंटेशन होगी।